The Walk Movie In Hindi Fixed Review
माँ कहतीं, "बेटा, पैर ज़मीन पर रखना, वरना गिरोगे।"
मुंबई के गलियारों में पला-बढ़ा रघु (सचिन) बचपन से ही ऊँचाईयों का दीवाना था। जादू के करतब सीखने वाला यह गरीब लड़का जब पहली बार सर्कस में टाइटरोप पर चलते कलाकार को देखता है, तो उसकी ज़िंदगी बदल जाती है। the walk movie in hindi
रघु दूसरी मीनार के छोर पर पहुँचता है। लेकिन वह रुकता नहीं—वह पलटता है और पैर ज़मीन पर रखना
लेकिन उस वक्त तो उसके पैर आसमान में हैं। the walk movie in hindi
"डरना मना है, बस चलते जाना है..." THE END
जज मुस्कुराता है—"तुम्हें सजा मिलेगी—शहर के हर स्कूल में बच्चों को प्रेरित करने की।" —रघु अपनी माँ के साथ छत पर बैठा होता है। आसमान में तारे। माँ कहती है—"तुमने सच में तार पर चलकर दिखा दिया बेटा।"
रघु—"नहीं माँ, मैंने तो बस एक डोरी पर चलना सीखा। असली वॉक तो अभी बाकी है—ज़िंदगी की डोरी पर, जहाँ हर दिन नया संतुलन माँगता है।"